बसंत पंचमी मनाना और पीले मीठे चावल की विधि – Basant Panchami

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बसंत पंचमी Vasant Panchmi बसंत ऋतु का एक खास दिन है। माघ शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि को यह दिन आता है। बसंत ऋतु को ऋतुराज कहा जाता हैं।

कड़क सर्दी की परेशानी समाप्त होकर बसंत में एक नई उमंग पैदा होती है। खुशनुमा वातावरण चारो ओर महसूस होने लगता है। प्रकृति इसे मनोरम दृश्यों के साथ दर्शाती है।

इस समय पतझड़ समाप्त होता है व पेड़ो में नए अंकुर और कोंपल फूटने लगते है। चारों और फूल खिले हुए दिखाई देते है। मन हर्ष और उल्लास से भर जाता है। इसी दिन से फ़ाग उड़ाना प्रारम्भ करते है जो फाल्गुन की पूर्णिमा तक चलते है।

पूरे भारत वर्ष में बसन्त पंचमी का उत्सव उत्साह के साथ मनाया जाता है। अलग अलग प्रान्तों में इस दिन का आनंद उठाने के अलग अलग तरीके होते है। इस दिन विद्या की देवी सरस्वती की घरों व स्कूलों में पूजा की जाती हैं। कुछ जगह कामदेव और रति की भी पूजा होती है।

कुछ लोगों के मन में सवाल होता है कि वसंत पंचमी  Vasant panchami  कैसे मनाएं।

बसंत पंचमी पर क्या बनायें  Basant Panchami par khana , या बसंत पंचमी के दिन क्या करते हैं  Basant Panchami kya kare तो जान लीजिये कि बसंत पंचमी के दिन पीले रंग का बहुत महत्व होता है। पीले वस्त्र पहने जाते है , पूजा में पीले फूल रखे जाते है।

भोग के लिए तथा परिवार के लिए पीले रंग की मिठाई बनाई जाती है। विशेषकर केसर युक्त पीले चावल घर-घर में बनाये जाते है। इन्हें पीले मीठे केसरी भात भी कहते है। दक्षिण भारत में रवा केसरी बनाई जाती है और गुजरात में पूरन पोली बनाई जाती है।

इस विशेष दिन का आनंद उठाने के लिए केसर युक्त स्वादिष्ट पीले मीठे चावल बनाने की विधि आपके लिए प्रस्तुत है :

बसंत पंचमी के पीले मीठे चावल बनाने की सामग्री

Basant Panchami ke pile mithe chaval ki samagri

बासमती चावल                         1  कप

चीनी                                3 /4  कप

देशी घी                              2  चम्मच

पानी                                5 -6  कप

तेजपत्ता                                1  पीस

लौंग                                    2  पीस

बादाम कटे हुए                      1  चम्मच

काजू कटे हुए                       1  चम्मच

हरी इलायची                          4  पीस

केसर                                15  पत्ती ( लगभग )

पीला रंग ( खाने वाला )           एक चुटकी

बसंत पंचमी के पीले मीठे चावल बनाने की विधि

Basant panchami ke pile mithe chaval ki vidhi

—  बासमती चावल को धोकर आधे घण्टे के लिए भिगों दें।

—  केसर को आधी कटोरी दूध में भिगो कर घोट लें व इसमें पीला रंग डाल भी मिला दें।

—  2 इलायची छीलकर पीस लें।

—  काजू  और बादाम को काट कर टुकड़े कर लें।

—  एक भारी तले वाले बर्तन में आधा चम्मच घी डालकर गर्म करें।

—  इसमें तेजपत्ता , लौंग व 2 हरी इलायची डालें।

—  इसमें भीगे हुए चावल डालकर दो मिनिट भूने अब इसमें पानी डालकर चावल पकने तक उबाल ले।

—  चावल पकने पर छानकर अतिरिक्त पानी निकाल दें और चावल ठंडे होने के लिए अलग रख दें।

—  एक कढ़ाई या नॉन स्टिक पैन में डेढ़ चम्मच घी डालकर गर्म करे।

—  इसमें धीमी आंच पर काजू  गुलाबी होने तक फ्राई करके एक प्लेट में निकाल लें।

—  काजू तलकर निकालने के बाद इस कढ़ाई में चावल डालें फिर शक्कर भी डाल दें।

—  तैयार केसर और रंग का मिश्रण इसमें मिला दें।

—  शक्कर डालते ही चाशनी बनने लगती हैं गैस तेज करके हल्के हाथ से चावल को हिलाते हुए चाशनी का पानी सूखा लें।

—  पिसी इलायची , काजू , बादाम मिला दें।

—  खिले खिले पीले मीठे चावल तैयार है।

—  इन्हें प्लेट में डालकर थोड़े मेवे डालकर सर्व करें।

—  इसे गर्म भी खाया जा सकता है और ठंडा भी। जैसा भी पसंद हो। मुझे ठंडा पसंद आता है।

बसंत पंचमी

बसंत पंचमी के पीले मीठे चावल टिप्स

Basant panchami pile chawal tips

—  चावल ज्यादा गलने नहीं चाहिए। थोड़े से खड़े व खुले खुले पकाना ठीक रहता है।

—  चावल उबालकर ठंडे करने के बाद मीठे चावल बनाते है तो खिले खिले बनते हैं।

—  काजू तलते समय तुरन्त जल जाते हैं इसीलिए ध्यान पूर्वक घीमी आंच पर तले।

—  यदि आप रंग नहीं मिलाना चाहें तो केसर की मात्रा बढ़ा दें।

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