बवासीर पाईल्स का आसान घरेलू उपचार – Piles Bavasir Musse Cure

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बवासीर piles का मुख्य कारण कब्ज रहना है। बवासीर का ध्यान नहीं रखा जाये तो रक्त बहने से खून की कमी होने की संभावना होती है। अतः कब्ज और पाईल्स का जल्दी उपचार कर लेना चाहिए।

पाईल्स होने के कारण – Cause of Piles

कब्ज के कारण अधिक जोर लगाने से बवासीर हो जाते है। आनुवंशिकता heredity भी पाईल्स होने का कारण हो सकती है। यानी घर में किसी को है तो आपको भी हो सकता है अतः आपको ज्यादा सावधान रहने की जरूरत है।

इसके अलावा बहुत अधिक समय तक बैठे रहना या बहुत अधिक समय तक खड़े रहने के कारण बवासीर हो सकते है। बिना रेशे Fiber वाला भोजन करना। शौच के लिए अधिक देर तक बैठे रहना। मोटापा , पुरानी खांसी , कम पानी पीना भी कारण बन जाते है। piles शुरू में कब्ज के कारण गुदा में दर्द होता है विशेष कर मलत्याग के बाद। ये अधिक समय तक रहे तो गुदा में बाहर या अंदर मस्से बन जाते है। और इनमें कब्ज के कारण जोर लगाने से सूजन आकर रक्त स्राव होने लगता है।

कभी कभी रक्त स्राव का पता नहीं चलने के कारण हीमोग्लोबिन बहुत कम हो जाता है जो खतरनाक हो सकता है। अतः Bawaseer  का इलाज जल्द  करना चाहिए।

कृपया ध्यान दें : किसी भी लाल अक्षर वाले शब्द पर क्लीक करके उसके बारे में विस्तार से जान सकते है। 

पाईल्स हो तो क्या खाएँ क्या नहीं – Food

बवासीर masse होने पर तली चीजें , लाल मिर्च , गरम मसाला आदि से परहेज रखना चाहिए। कचौरी , समोसा , पिज्जा , बर्गर आदि ना लें। गर्म तासीर की चीजें जैसे अचार , मेथी , बैंगन आदि ना लें।

कब्ज करने वाला भोजन नहीं लेना चाहिए। पानी तथा तरल पदार्थ जैसे छाछ आदि पर्याप्त मात्रा में लें । पानी कितना पीना चाहिए यह जानने के लिए यहाँ क्लिक करें .

छाछ बवासीर में बहुत फायदा करती है इसे रोजाना पियें। छाछ में थोड़ा भुना पिसा डालकर से ज्यादा फायदा होता है। छाछ के अन्य अमृत तुल्य लाभ जानने के लिए यहाँ क्लिक करें। सप्ताह में एक व्रत या उपवास जरूर करना चाहिए ताकि हाजमा सही रहे।

भोजन में रेशे अधिक होने चाहिए ताकि आंतों की सफाई हो जाए। भोजन के साथ पर्याप्त सलाद लेना चाहिए। हरी पत्तेदार सब्जी ज्यादा खानी चाहिए। फलों का सेवन अधिक करना चाहिए। विशेषकर चीकू बीलपपीता अनार  नाशपती  आदि फल खूब खाने चाहिए।

बवासीर के घरेलू  उपचार ये है :

बवासीर का घरेलु उपचार – Piles Musse ke Gharelu Nuskhe

—  पांच ग्राम नागकेसर , एक चम्मच ताजा बनाया मक्खन और एक चम्मच पिसी हुई मिश्री रोजाना सुबह खाने से बवासीर ठीक होंगे। यदि खून गिरता है तो वो भी बंद होगा।

 मूली के एक गिलास रस में देसी घी में बनी सौ ग्राम जलेबी डालकर एक घंटे ढ़ककर रख दें। फिर जलेबी खाते हुए रस भी पी लें। दस- बारह दिनों तक इस प्रयोग से  Bavasir  ठीक हो जाते है।

—  दो तीन बार स्वमूत्र से धोने से बवासीर में आराम होता है।

—  फिटकरी का पाउडर मक्खन में मिलाकर मस्सों पर लगाएं , लाभ होगा। फिटकरी मिले पानी से गुदा को भी चार पांच बार धोएँ। एक टब  में फिटकरी मिला हुआ गुनगुना पानी भर लें। इसमें बैठ कर सिकाई करने से बवासीर में आराम मिलता है। इन उपायों को करने से खूनी  Bavasir भी ठीक हो जाते है।

—  बड़ी इलायची को तवे पर अच्छी तरह से भून लें। इसको पीसकर चूर्ण बना लें। ये चूर्ण पानी के साथ खाली पेट रोज लेने से Piles ठीक होते है ।

—  किशमिश रात को पानी में भिगो दें। सुबह मसल कर पानी सहित पी लें। Bawasir  में आराम मिलेगा।

—  एक चम्मच भुना हुआ शाह जीरा और एक चम्मच बिना भुना शाह जीरा मिलाकर पीस लें। इसमें से आधा चम्मच रोज पानी से लें।

—  एक कप दूध और एक पका केला मिक्सी में शेक बनाकर दिन में दो तीन बार पीने से बवासीर ( Piles ) ठीक होते है।

—  छाछ में अजवायननमक मिलाकर पीने से बवासीर में आराम रहता है। छाछ अधिक पिएँ।

—  रात को सोते समय दो चम्मच इसबगोल भूसी पानी के साथ लेने से सुबह पेट साफ रहेगा और पाईल्स में आराम मिलेगा।

—  नीम का तेल या अरंडी का तेल मस्सो पर लगाने से आराम मिलेगा।

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