ब्लैक हेड मिटाने के उपाय – How To Prevent Black Heads

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ब्लैक हेड Black Heads की परेशानी लगभग सभी को होती है , विशेष कर यौवन काल में प्रवेश करते समय। चेहरे पर छोटे छोटे काले उभरे हुए दाने नजर आते है जो अंदर से सफ़ेद निकलते हैं । इन्हे ही ब्लैक हेड कहते है।

छूने पर ये कड़क महसूस होते है। हल्का सा कुचरने से एक दाना सा निकलता है जो अंदर से मटमैले रंग का होता है। इसके निकलने पर हल्का सा दर्द भी महसूस हो सकता है। ब्लैक हेड की वजह से चेहरे की सुंदरता निखर नहीं पाती और शर्मिंदगी महसूस होती है।ब्लैक हेड

ब्लैक हेड क्यों हो जाते हैं  – How Black Head Form

हमारी त्वचा और बालों को रूखेपन से बचाने के लिए रोम छिद्र में सीबेशस  ग्रंथिया होती है। इन ग्रंथियों से सीबम नामक तेलीय पदार्थ निकलता है जो हमारे शरीर पर मौजूद बाल और त्वचा को मोइश्चर देने का काम करता है। इससे त्वचा कोमल , नम बनी रहती है और ग्लो बना रहता है।

यह सीबम फैटी एसिड , कोलेस्ट्रॉल , ट्राई ग्लिसराइड्स आदि अवयवों से बना होता है। सीबम से त्वचा की रक्षा होती है। जब यह सीबम अधिक मात्रा में बनता है और रोम छिद्र बड़ा होता है तो यह त्वचा के रोम छिद्र में इकठ्ठा हो कर त्वचा की मृत कोशिका के साथ मिलकर कई प्रकार की परेशानी पैदा कर देता है।

जब यह सीबम त्वचा के बाहर निकलता है तो ऑक्सिडेशन के कारण यह काला पड़ जाता है। जो ब्लैक हेड के रूप में नजर आता है। यदि यह रोम छिद्र बारीक़ होने के कारण त्वचा के बाहर नहीं निकलता अंदर ही इकठ्ठा हो जाता है तब यह व्हाइट हेड के रूप में नजर आता है।

कुछ लोग गन्दगी को ब्लैक हेड बनने का कारण समझते है। फिर त्वचा को बार बार धोते है और घिस कर साफ करते है। ऐसा बिल्कुल नहीं करना चाहिए। इससे त्वचा रूखी हो जाती है और रूखेपन को मिटाने के लिए सीबम का स्राव और बढ़ हो जाता है। इससे परिस्थिति सुधरने के बजाय बिगड़ती है। इन्फेक्शन की सम्भावना भी बढ़ जाती है।

ब्लैक हेड चेहरे पर अधिक होते है। इसके अलावा गर्दन और छाती पर भी हो सकते है। क्योकि चेहरे , गर्दन और छाती पर रोम छिद्र तथा सीबेशस ग्रन्थियां दूसरी जगह की अपेक्षा कई गुना अधिक होते हैं।

ब्लैक हेड होने के मुख्य कारण

Black head reasons

—  जैसा की ऊपर बताया गया है सीबम का स्राव बढ़ने के कारण ब्लैक हेड हो जाते है। सीबम का स्राव बढ़ने का एक कारण यौवनकाल में प्रवेश के समय हार्मोन का बदलाव होता है।

इस समय सीबम का स्राव अधिक मात्रा में होने के अलावा त्वचा की कोशिकाओं के बनने और मिटने की गति भी बढ़ जाती है । इस वजह से ब्लैक हेड , व्हाइट हेड , मुहांसे आदि अधिक होते है। यह परेशानी यौवनकाल में प्रवेश करते समय लड़के या लड़की दोनों को हो सकती है।

—  कभी कभी कुछ महिलाओं को गर्भावस्था में या मासिक धर्म के समय भी यह समस्या बढ़ सकती है।

—  अधिक मात्रा में कॉस्मेटिक्स का यूज़ ब्लैक हेड बनने का कारण बन सकता है।

—  अधिक पसीना या अधिक नमी के कारण ब्लैक हेड बन सकते है ।

—  किसी बीमारी या किसी दवा के कारण कोशिकाओं बनने व मिटने की गति में परिवर्तन हो सकता है। इससे ब्लैक हेड बनने लगते है।

ब्लैक हेड इस कारणों से नहीं होते है :

 चेहरे को बार बार नहीं धोना – कुछ लोग सोचते है कि चेहरा बार बार नहीं धोते है , इसलिए ब्लैक हेड हो जाते है लेकिन यह सही नहीं है। बल्कि बार बार चेहरा धोने या घिस कर धोने से स्थिति बिगड़ सकती है।

इससे त्वचा रूखी हो जाती है और इसे मिटाने के लिए सीबम का स्राव बढ़ जाता है। इससे ब्लैक हेड बढ़ भी सकते है। इन्फेक्शन की सम्भावना भी बढ़ जाती है। इसका मतलब यह बिल्कुल नहीं है की चेहरे की सफाई का ध्यान ना रखें ।

—  चॉकलेट या मेवे खाने से ब्लैक हेड अधिक नहीं होते है। कुछ लोग मानते है की इन्हें खाने से ब्लैक हेड होते है।

—  हस्त मैथुन या सहवास – यह आम भ्रान्ति है की सहवास करने से या हस्तमैथुन करने से ब्लेक हेड या मुहांसे आदि हो जाते है। जैसा की ऊपर बताया गया है इसके लिए सीबम का अधिक स्राव मुख्य कारण होता है।

यौवन काल में यह स्राव अधिक होने के कारण ऐसा भ्रम पैदा हो जाता है कि इसका कारण हस्त मैथुन हो सकता है परंतु यह सही नहीं है।

ब्लैक हेड मिटाने के घरेलु नुस्खे

Gharelu Nuskhe For Black Head

ब्लैक हेड मिटाने के लिए त्वचा रूखी भी नहीं रहनी चाहिए और अधिक मात्रा में कॉस्मेटिक का यूज़ भी नहीं होना चाहिये। मोइश्चराइजर बिना तेल वाला काम में लेना चाहिए। डेड स्किन सेल्स लगातार त्वचा पर से हटाये जाने चाहिए। क्योकि ब्लैक हेड बनने में ये मदद करते है।

इसके अलावा त्वचा में कसावट लायी जानी चाहिए। इस सब के लिए कुछ घरेलु उपाय नीचे बताये गए है इन्हें नियमित काम में लेने से ब्लैक हेड से छुटकारा मिल जाता है।

मुल्तानी मिटटी

मुल्तानी मिटटी रोम छिद्र से तेलीय पदार्थ तथा मेल आदि को सोख कर उसे साफ कर देती है। जब मुल्तानी मिट्टी का लेप चेहरे पर लगते है तो मिट्टी में मौजूद लाभदायक तत्व त्वचा को मिलते है। साथ ही मिट्टी ब्लैक हेड को बाहर निकाल देती है। इस लेप से त्वचा में रक्त संचार भी बढ़ता है जो त्वचा को सुंदर बनाता है।

मुल्तानी मिट्टी का लेप बनाने के लिए इसमें पानी , गुलाब जल , एप्पल सिडार विनेगर , दूध , दही , एलोवेरा जेल आदि में से कुछ भी मिलाया जा सकता है। आप अपनी पसंद के हिसाब से या जो भी उपलब्ध हो , मुल्तानी मिट्टी का लेप उपरोक्त में से मिलाकर लेप बना लें।

इस लेप को लगाने के बाद दस पंद्रह मिनट तक लगाये रखें। सूखने के बाद पानी से धो लें। इसके बाद हल्का सा मोइस्चराईजर लगा लेना चाहिए। एक दो बार लेप लगाने से आपको अंदाज हो जाता है की आपको किस प्रकार का लेप सूट करता है , जिसके रिजल्ट ज्यादा अच्छे मिलते है।

दूध-शहद

दूध और शहद दोनों त्वचा के लिए बहुत फायदेंमंद होते है। शहद में एंटी बेक्टिरियल गुण होते है तथा दूध से त्वचा मुलायम और लचीली बनती है।

ब्लैक हेड हटाने के लिए एक चम्मच शहद और एक चम्मच दूध मिलाकर हल्का सा गुनगुना कर लें। अब अच्छे से मिलाकर सही तापमान होने पर एक पतली परत ब्लैक हेड वाली जगह पर लगा लें। इसके ऊपर रुई की एक पतली परत दबाकर चिपका दें। बीस मिनट सूखने दें।

इसके बाद ध्यान से रुई की परत को निकाल दें। अब ठन्डे पानी से धो लें और मोइस्चराईजर लगा लें। इसे कुछ दिन नियमित करने से ब्लैक हेड निकल जाते है तथा नए ब्लैक हेड नहीं बनते।

दालचीनी-शहद

शहद और दालचीनी दोनों में एंटी बेक्टिरिया तत्व होते है। इसलिए यह ब्लैक हेड मिटाने में बहुत कारगर साबित होता है। दालचीनी रक्त संचार बढ़ाती है। जिसके कारण त्वचा कोमल और चमकदार बनती है।

इसके लिए एक चम्मच शहद और चौथाई चम्मच बारीक दालचीनी पाउडर मिलाकर एक पतली परत ब्लैक हेड वाली जगह पर लगा लें। इसके ऊपर रुई की एक पतली परत दबा कर लगा दें। दस पंद्रह मिनट के बाद इसे ध्यान पूर्वक निकाल दें। अब धो लें और मोइस्चराईजर लगा लें।

दालचीनी का उपयोग मसाले की तरह खाने पीने के सामान में भी करना चाहिए। इससे कुछ ही समय में ब्लैक हेड , व्हाइट हेड और मुंहासे जैसी समस्या में बहुत आराम मिलता है। दालचीनी शरीर के लिए अत्यधिक लाभदायक होती है। क्लीक करके पढ़ें – दालचीनी क्यों है सर्वश्रेष्ठ मसाला

एप्पल सिडार सिरका और पुदीना पत्ती

एप्पल सिडार विनेगर और पिसी हुई पुदीना पत्ती को मिलाकर  स्किन टोनर बनाया जा सकता है। इसे लगाने से ब्लैक हेड कम हो जाते है। एप्पल सिडार विनेगर से रोम छिद्र में फंसा हुआ मैल नरम पड़ जाता है और पुदीना से स्किन टाइट होती है तथा यदि दर्द या जलन हो रही हो तो उसमे राहत मिलती है।

इसके लिए 3 चम्मच ताजा पुदीना की पिसी हुई पत्तियां और पांच चम्मच सिरका मिलाकर एक काँच के बाउल में सप्ताह भर के लिए रख दें। सात दिन के बाद इसे निथार कर इसमें एक कप पानी मिला दें।

इसे एक बोतल में भर कर रख लें। रात को सोते समय चेहरे को पानी से साफ करके  कॉटन बॉल की मदद से इसे लगा लें। सुबह पानी से धो लें।मोइस्चराईजर लगा लें। कुछ ही दिनों में आपको अलग ही फर्क महसूस होने लगेगा।

शक्कर

शक्कर को बादाम के तेल या नारियल के तेल में मिलाकर बहुत हल्के हाथ से मालिश करने से रोम छिद्र साफ हो जाते है। डेड स्किन निकल जाती है। इससे त्वचा के रक्त संचार में वृद्धि होती है। स्किन सॉफ्ट हो जाती है तथा ग्लो आ जाता है।

इसके लिए सादा पानी से चेहरा धो लें। पोंछे नहीं , गीला रहने दें । अब आधा चम्मच शक्कर और आधा चम्मच तेल को अच्छे से मिलाकर हल्के हाथ से पोरुओं की मदद से पांच मिनटतक गोलाकार में मालिश करें। अब पानी से धो लें।मोइस्चराईजर लगा लें।

यह प्रयोग सप्ताह में दो या तीन बार ही करें अन्यथा त्वचा रूखीहो सकती है। शक्कर के दाने बहुत खुरदरे नहीं होने चाहिये। बहुत हल्के हाथ से मालिश होनी चहिये।

बेकिंग सोडा

बेकिंग सोडा में कुछ बूँद पानी की डालकर पेस्ट बना लें। इससे सिर्फ ब्लैक हेड वाली जगह पर हल्के हाथ से मालिश करें। अब गुनगुने पानी से धो लें। इससे ब्लैक हेड मिट जाते है और स्किन में ग्लो आ जाता है। बेकिंग सोडा को दही में मिलाकर पूरे चेहरे पर भी लगाया जा सकता है।

इसके लिए एक चम्मच दही में चौथाई चम्मच बेकिंग सोडा मिलाकर चेहरे पर लगा लें। दस मिनट बाद गुनगुने पानी से धो लें। इससे चेहरे पर एक अलग ही ग्लो आ जाता है तथा ब्लैक हेड से मुक्ति मिलती है।

पसीना

पसीना आने से फायदा भी है और इससे नुकसान भी हो सकता है। पसीना आने से रोम छिद्र की सफाई हो जाती है लेकिन यदि पानी से धोकर सफाई नहीं की जाये तो पसीना जम कर नुकसान पैदा कर सकता है। अतः पसीना आने के तुरंत बाद चेहरे को धोना ब्लैक हेड मिटाने में मददगार हो सकता है।

ब्लैक हेड स्ट्रिप्स

बाजार में मिलने वाली ब्लैक हेड स्ट्रिप कपड़े पर चिपकने वाला पदार्थ लगा कर बनाई गई होती है। जब इसे त्वचा पर लगा कर उतारते है तो साथ में ब्लैक हेड इससे चिपक कर बाहर आ जाते है।

इससे ब्लैक हेड होना नहीं मिटते , सिर्फ जो हो गए है उन्हें खींचकर बाहर निकालने का यह एक जरिया है।  इन बाजार में मिलने वाली ब्लैक हेड स्ट्रिप की जगह घर पर ही इसके कई विकल्प मिल सकते है।

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