केर सांगरी की सब्जी पचकूटे सहित – Ker Sangari Sabji Pachkute Vali

1924

केर सांगरी की सब्जी और पंचकुटा  Ker Sangari And Pachkuta एक शाही सब्जी है। केर सांगरी और कुमटिया की तुलना सूखे मेवों से की जाती है। ये रेगिस्तान में उगने वाले  विशेष प्रकार के पौधों पर लगने वाले फल हैं।

राजस्थान में इन तीनो को सुखाकर पूरे साल सब्जी की तरह काम में लिया जाता है।

केर सांगरी

केर का पौधा काँटों वाला होता है। केर शुरू में कड़वे स्वाद का होता है जिसे नमक के पानी में भिगोकर रखा जाता है। जिससे उसका कड़वापन निकल जाता है। फिर इसे सुखाया जाता है और वर्ष भर सब्जी या अचार के रूप में उपयोग में लाया जाता है।

सांगरी की फली खेजड़ी के पेड़ पर लगती है। हरी कच्ची फलियों को तोड़कर उबालकर सुखा लिया जाता है जिसकी सब्जी बनाई जाती है। पकने के बाद यह पेड़ से गिर जाती हैं जिन्हें खोखा के नाम से जाना जाता है। ये स्वादिष्ट होती हैं और बच्चे बड़े चाव से इन्हें खाते हैं।

यह सवाल अक्सर पूछा जाता है की पचकूटे में क्या क्या होता है। पचकूटे की सब्जी केर , सांगरी , कुमटिये , गुंदे ( लसोड़े ) और अमचूर को मिलाकर बनाई जाती है। इसे ही पचकूटे की सब्जी Pachkute Ki Sabji के नाम से जाना जाता है। यह पेट के लिए बहुत लाभदायक सब्जी होती है।

यह एक शाही सब्जी का रूप ले चुकी है। केर सांगरी की पचकूटे वाली सब्जी शादी , पार्टी व त्यौहार के अवसर पर बनाई जाती हैं। यह सब्जी जल्दी खराब नहीं होती हैं इसीलिए इसे शीतला सप्तमी ( बासोड़ा ) व सफर के खाने के साथ भी बनाया जाता हैं। इसे कैर सांगरी की लौंजी या हिलेरिया की सब्जी आदि नामों से भी जाना जाता है।

कैर सांगरी की स्पेशल राजस्थानी सब्जी बनाने की सही विधि इस प्रकार है :

केर सांगरी की सब्जी बनाने की सामग्री – Ker Sangari Sabji Samagri

सांगरी                                200  ग्राम

कैर                                     60  ग्राम

कुमटिया                               30  ग्राम

गूंदे                                     30  ग्राम

साबुत अमचूर                       5 -6  पीस

सूखी साबुत लालमिर्च               5 -6  पीस

अमचूर पाउडर                      डेढ़  चम्मच

लाल मिर्च पाउडर                    डेढ़  चम्मच

धनिया पाउडर                         3  चम्मच

गर्म मसाला                            1  चम्मच

हल्दी                               1 /2  चम्मच

राई                                 1 /2  चम्मच

जीरा                                1 /2  चम्मच

हींग                                 1 /4  चम्मच

चीनी                                1 /2  चम्मच

नमक                                  स्वादानुसार

तेल                                तीन बड़े चम्मच

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केर सांगरी की सब्जी बनाने की विधि – Ker Sangari Sabji Vidhi

—  इस सब्जी के सभी सामान सूखे हुए होते है इसलिए सब्जी बनाने से पहले इन्हें  7 -8  घण्टे पानी में भिगोना पड़ता है।

—  यदि सुबह सब्जी बनानी हो तो रात को सभी सामान भिगो देने चाहिए।

—  सांगरी को बीनकर कचरा व ठंठल निकाल दें और सांगरी को हाथ से तोड़ कर इसके छोटे डेढ़-दो इंच के टुकड़े कर लें।

—  केर को साफ पानी से धोकर अलग बर्तन में भिगों दें।

—  सांगरी , कुमटिया व गुंदे को भी पानी से तीन चार बार धो लें।

—  सांगरी , कुमटिया , गूंदे , साबुत अमचूर व साबुत लाल मिर्च को साथ में एक अलग बर्तन में पानी में भीगों दें।

—  सुबह इन्हें छलनी में डालकर पानी निकाल दें।

—  कुकर में दो गिलास पानी डाले। अब इसमें भीगी हुई कैर , सांगरी ,साबुत अमचूर ,साबुत लालमिर्च व  1 /4 चम्मच हल्दी डालकर कुकर मे उबलने के लिये रखें।

—  कुकर की एक सिटी होने के बाद धीमी आंच पर करीब 10 मिनिट और पकने दें।

—  गैस बंद कर दें।

—  कुकर ठंडा होने पर खोलें  और छलनी में डालकर सारा पानी निकाल दें। इनको बहते पानी के नीचे रखकर अच्छे से धो लें।

—  इसमें लाल मिर्च पाउडर , धनिया पाउडर , हल्दी पाउडर और नमक डालकर मिला दें ।

—  कढ़ाई में तेल गरम करें राई , जीरे व हींग का तड़का लगायें।

—  उबले हुए सभी सामान इसमें डाल दें।

—  दो तीन चम्मच पानी डालकर ढक्कन लगाकर धीमी आंच पर पकने दें।

—  7 -8 मिनिट बाद सब्जी का सारा पानी सूख जायेगा व तेल अलग हो जायेगा।

—  गरम मसाला ,अमचूर पाउडर और थोड़ी सी चीनी डालकर मिला दें। गैस बन्द कर दें।

—  राजस्थानी कैर सांगरी की सब्जी तैयार हैं।

केर सांगरी की सब्जी बनाते समय ध्यान रखने योग्य बातें

Ker sangari sabji tips

—  सांगरी को बीनना जरूरी हैं कई बार सांगरी के साथ दूसरी घास व लकड़ी भी आ जाती हैं अतः अच्छे से देख लें।

—  सांगरी पतली होनी चाहिए बहुत मोटी नहीं होनी चाहिए।

—  छोटे केर ही अच्छे होते है। केर का आकार कालीमिर्च से ज्यादा बड़ा नहीं होना चाहिए। मोटे कैर नहीं लेने चाहिए।

—  सारी सब्जियों को पानी से अच्छी तरह धोकर भिगोना चाहिए। उबलने के बाद भी पांच-छः बार साफ पानी से धो लेना चाहिए ,इससे सांगरी का कसैलापन दूर हो जाता हैं व सब्जी स्वादिष्ट बनती हैं।

—  सब्जी में तेल की मात्रा अन्य सब्जियों से थोड़ी ज्यादा होती हैं।

—  सब्जी में थोड़ी सी चीनी डालने से सब्जी का स्वाद बढ़ जाता हैं।

—  आप चाहे तो थोड़ी किशमिश भी भिगोकर डाल सकते हैं इससे सब्जी का शाही अंदाज व स्वाद बढ़ जायेगा।

— यह सब्जी फ्रिज में रखने पर 8 -10 दिन खराब नहीं होती हैं और फ्रिज के बाहर भी 3-4 दिन खराब नहीं होती हैं।

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